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February 13, 2019
| On 1 year ago

10 Best Valentine’s Day Shayari जिसे पढ़कर आपकी गर्लफ्रेंड हो जाएंगी खुश

By Avinash Aryan

फरवरी यानी मोहब्बत का महीना जोरों पर है. मोहब्बत करने वाले अपनी प्रेमिका/प्रेमी के साथ इश्क के रंग में सरोबार हैं. 14 फरवरी को दुनिया भर में वैलेंटाइन डे मनाया जाता है. आमतौर, जिसे आप और हम आम भाषा में मोहब्बत दिवस या प्रेमियों का त्यौहार भी कह सकते हैं.

Credit : Business Recorder

इस दिन हर कपल एक-दूसरे के हाथ में हाथ डाले हुए आपको कहीं भी दिख जाएंगे. बहरहाल, प्यार करने का कोई दिन यूँ फिक्स नहीं होता. आप ताउम्र प्यार कर सकते हैं. लेकिन, साल में ये एक दिन ऐसा आता है, जहाँ कपल सारे गिले-शिकवे को दूर कर एक नई पारी, नया जोश और नई उम्मीद के साथ नई शुरूआत करते हैं.

Credit : imgnooz.com

तो चलिए, इसी सिलसिले में हम आपको रूबरू करवाने जा रहे हैं उन दस बेहतरीन शायरियों से, जिसे पढ़कर आपकी गर्लफ्रेंड खुश हो जाएंगी…

1) हम ने सीने से लगाया दिल न अपना बन सका

    मुस्कुरा कर तुम ने देखा दिल तुम्हारा हो गया

   – जिगर मुरादाबादी

2) दिल को तिरी चाहत पे भरोसा भी बहुत है

और तुझ से बिछड़ जाने का डर भी नहीं जाता

Credit : Pexels

3) जरा उतर के देख मेरे दिल की गहराइयों में,

कि तुझे भी मेरे जज़्बात का पता चले,

दिल करता है चाँद को खड़ा कर दूं तेरे आगे,

जरा उसे भी तो अपनी औकात का पता चले।

4) मोहब्बत का घना बादल बना देते तो अच्छा था,

  मुझे तेरी आँखों का काजल बना देते तो अच्छा था,

  तुम्हें पाने की हसरत अब मुझे जीने नहीं देती,

  या खुदा, मुझे पागल ही बना देते तो अच्छा था..

Credit : willowbranch.com.au

5) तुम हँसो तो दिन निकले चुप रहो तो रातें हैं

किस का ग़म कहाँ का ग़म सब फ़ुज़ूल बातें हैं

6) अपने हाथों की लकीरों में सजा ले मुझ को

   मैं हूँ तेरा तू नसीब अपना बना ले मुझ को

  शराब फिर शराब है मैं ज़हर भी पी जाऊँ

  शर्त ये है तुम अपनी बाँहों में सँभाले मुझ को.

– कतील शिफाई

7) जब से तू ने मुझे दीवाना बना रक्खा है

  संग हर शख़्स ने हाथों में उठा रक्खा है

 अब मिरी दीद की दुनिया भी तमाशाई है

  तू ने क्या मुझ को मोहब्बत में बना रक्खा है

     – हकीम नासिर

8 ) ख़्वाबों से न जाओ कि अभी रात बहुत है

   पहलू में तुम आओ कि अभी रात बहुत है

  जी भर के तुम्हें देख लूँ तस्कीन हो कुछ तो

    मत शम्अ बुझाओ कि अभी रात बहुत है

    – साबिर दत्त

9) इतनी मुद्दत बा’द मिले हो, किन सोचों में गुम फिरते हो

 काश कोई हम से भी पूछे, रात गए तक क्यूँ जागे हो

 मैं दरिया से भी डरता हूँ, तुम दरिया से भी गहरे हो

 कौन सी बात है तुम में ऐसी, इतने अच्छे क्यूँ लगते हो

                    -मोहसिन नक़वी

Credit :pixabay.com

10)  कोई फ़रियाद तिरे दिल में दबी हो जैसे

       तू ने आँखों से कोई बात कही हो जैसे

      हर मुलाक़ात पे महसूस यही होता है

      मुझ से कुछ तेरी नज़र पूछ रही हो जैसे

      राह चलते हुए अक्सर ये गुमाँ होता है

     वो नज़र छुप के मुझे देख रही हो जैसे

     एक लम्हे में सिमट आया है सदियों का सफ़र

      ज़िंदगी तेज़ बहुत तेज़ चली हो जैसे

     इस तरह पहरों तुझे सोचता रहता हूँ मैं

     मेरी हर साँस तिरे नाम लिखी हो जैसे

    -फैज अनवर

Avinash Aryan